हम सिसक सिसक सो जाते है

हम सिसक सिसक सो जाते है

तेरा मेरी गली से गुजरना, मेरी नजरों पे आके वो रुकना । उन यादों के दामन थामे, हम संभल-संभल रुक जाते हैं।। तेरी बातों पे मेरा बिखरना, मेरे साये से तेरा लिपटना। उन लम्हों को पास यू पाके, हम मचल-मचल रह जाते हैं।। तेरी रातों में मेरा वो सपना, मेरी सुबहो में तेरा वो जगना। […]