कविता, कहानी, ग़ज़ल, गीत, पौराणिक, धार्मिक एवं अन्य विधाओं का मायाजाल

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अमृतलाल नागर

जन्म 17 अगस्त 1916 ई. को गोकुलपुरा, आगरा (उत्तर प्रदेश) में एक गुजराती ब्राह्मण परिवार में हुआ। आपके पिता का नाम राजाराम नागर था। आपके…

अमरकांत की कहानी बहादुर

सहसा मैं काफी गंभीर था, जैसा कि उस व्यक्ति को हो जाना चाहिए, जिस पर एक भारी दायित्व आ गया हो। वह सामने खड़ा था…

अरुणा सीतेश

भूले-बिसरे रचनाकार : अरुणा सीतेश डा. अरुणा सीतेश जानी-मानी कथाकार थी। चांद भी अकेला है, वही सपने, कोई एक अधूरापन, लक्ष्मण रेखा और छलांग उनकी…

रामचन्द्र शुक्ल का साहित्येतिहास लेखन

आचार्य रामचन्द्र शुक्ल साहित्येतिहास वह साहित्यिक विधा है जो हमें मानवता के क्रमिक विकास से परिचित कराती है तथा यह ज्ञान की वह शाखा है…

हिंदी साहित्य के इतिहास में आदिकाल

आदिकाल की प्रस्तावना हिन्दी साहित्य के इतिहास में लगभग 8वीं शताब्दी से लेकर 14वीं शताब्दी के मध्य तक के काल को आदिकाल कहा जाता है।…

जो भी कमज़ोर हैं मुश्किलों में हैं सब

जो भी कमज़ोर हैं मुश्किलों में हैं सब सियासतदारों ने तो मुँह हैं उधर कर लिया किससे बोले अब हम किसको बताएँ ये सब दिलों…

क्या इस देश में एक ‘राम प्रसाद बिस्मिल नेशनल लॉ यूनिवर्सिटी’ नहीं होनी चाहिए?

तब काकोरी कांड की सुनवाई कोर्ट में चल रही थी. राम प्रसाद बिस्मिल के ख़िलाफ़ सरकारी वकील थे जगतनारायण मुल्ला. साजिशन बिस्मिल को केस लड़ने…

लाला श्रीनिवास दास

लाला श्रीनिवास दास (1850-1907) हिंदी के प्रथम उपन्यास के लेखक है. उनके द्वारा लिखे गए उपन्यास का नाम परीक्षा गुरू (हिन्दी का प्रथम उपन्यास) है जो…

सआदत हसन मंटो

सआदत हसन मंटो का जन्म 11 मई 1912 को पुश्तैनी बैरिस्टरों के परिवार में हुआ था. उसके वालिद एक नामी बैरिस्टर और शेसन जज थे.…

घर जमाई – मुंशी प्रेमचंद

हरिधन जेठ की दुपहरी में ऊख में पानी देकर आया और बाहर बैठा रहा। घर में से धुआँ उठता नजर आता था। छन-छन की आवाज…

ठाकुर का कुआँ – मुंशी प्रेमचंद

जोखू ने लोटा मुँह से लगाया तो पानी में सख्त बदबू आयी । गंगी से बोला- यह कैसा पानी है ? मारे बास के पिया…

स्‍वामिनी – मुंशी प्रेमचंद

शिवदास ने भंडारे की कुंजी अपनी बहू रामप्यारी के सामने फेंककर अपनी बूढ़ी आँखों में आँसू भरकर कहा- बहू, आज से गिरस्ती की देखभाल तुम्हारे…

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